ये चीजें खाने से बिना पसीना बहाए ही पेट अंदर हो जाता है
भारत में जड़ी-बूटी और मसालों का उपयोग सैकड़ों सालों से किया
जाता रहा है। इन हर्ब और मसालों में कई औषधीय गुण भरपूर मात्रा में होते हैं। साथ ही, ये हमारे खाने को भी अलग फ्लेवर देते हैं। रिसर्च से पता चला है कि इन मसालों में रोग प्रतिरोधक क्षमता और शरीर का मेटॉबालिज्म बढ़ाने की क्षमता होती है। ये खाने का स्वाद बढ़ाने के साथ ही वजन को भी कंट्रोल करते हैं। अगर आप अपना वजन कम करने का मन बना रहे हैं तो आज हम बता रहे हैं कुछ ऐसे मसालों और हर्ब के बारे में जिनके नियमित सेवन से वजन कम हो जाता है....
- दालचीनी मसाले के रूप में काम मे ली जाती है। यह पेट रोग, इंफ्यूएंजा, टाइफाइड, टीबी और कैंसर जैसे रोगों में उपयोगी है। दालचीनी का तेल बनता है। दालचीनी,साबुन, दांतों के मंजन, पेस्ट, चाकलेट, सुगंध व उत्तेजक के रूप में काम में आती है।
- चाय, कॉफी में दालचीनी डालकर पीने से स्वादिष्ट हो जाती है। वजन कम करने वाले हर्ब में दालचीनी सबसे कारगर है। यह बॉडी के शुगर लेवल को कंट्रोल करती है। साथ ही, इसके सेवन से भूख लगना कम हो जाती है और फैट तेजी से मेटाबॉलाइज हो जाता है।
- साधारण सा दिखने वाला अदरक वाकई गुणों की खान है। आयुर्वेद में भी अदरक का खूब जिक्र है। अब तक आपने महज सर्दी-जुकाम में अदरक के कारगर होने की बात सुनी होगी, लेकिन नए वैज्ञानिक शोध के मुताबिक अदरक डायबिटीज की समस्या में भी कारगर साबित होता है। अदरक पेट साफ करने के लिए काफी अच्छा होता है। यह पाचन तंत्र में फंसे भोजन को हटाता है, जिससे फैट कम जमा होता है और वजन भी नहीं बढ़ता है।
- इलाइची का लैटिन नाम इलेट्टेरिया कार्डियोमम है। इलाइची में टर्पिन, टर्पिनीनोल, सिनिओल, टर्पिनिल एसिटेट नमक रासायनिक तत्त्व पाए जाते हैं। यह शरीर के मेटाबॉलिज्म और फैट बर्न करने की क्षमता को बढ़ाता है।
- हल्दी अपने औषधीय और सौंदर्यवर्धक गुणों के कारण रसोई की शान है। इसके पीले रंग के कारण भारतीय केसर के नाम से भी प्रसिद्ध हल्दी पौष्टिक गुणों से भरपूर होती है। हल्दी में वजन कम करने के गुण भी पाए जाते हैं। यह फैट टिशू के निर्माण को कम करता है। इससे शरीर में फैट कम बनता है, जिससे वजन बढ़ने की समस्या नहीं होती है।
- एकाइ बेरी शोध से पता चलता है कि एकाइ बेरी का जूस या सूखा पाउडर वजन कम करने में काफी असरदार होता है। यह शरीर में फैट बनने से रोकता है। इसमें कई तरह के एंटीऑक्सीडेंट गुण भी पाए जाते हैं।
- नेटल की पत्तियां कई तरह के गुणों से भरपूर होती हैंं। इसमें विटामिन सी व विटामिन ए के अलावा एंटीऑक्सीडेंट भी पाए जाते हैं। इन पत्तियों के सेवन से खून साफ होने के साथ ही फैट भी बर्न होता है।
- शोधों और आयुर्वेद के अनुसार, लाल मिर्च में सक्सीनिक एसिड, शिकिमिक एसिड, आक्जेलिक एसिड, क्युनिक एसिड, अमीनो एसिड, एस्कार्बिक एसिड, फोलिक एसिड, सिट्रीक एसिड, मैलिक एसिड, मैलोनिक एसिड, आल्फा-एमिरिन, कैप्सीडीना, कैप्सी-कोसीन, कैरोटीन्स , क्रिप्तोकैप्सीन, बाई-फ्लेवोनाईड्स, कैप्सेंथीन, कैप्सोरूबीन डाईएस्टर, आदि तत्व उपस्थित होते हैं। लाल मिर्च में कैप्साइसिन नामक यौगिक भी पाया जाता है, जो मोटापा कम करने के साथ ही भूख के एहसास को भी कम करता है। एक शोध से यह बात सामने आई कि लाल मिर्च मेटाबॉलिज्म को बढ़ाती है, जिससे ज्यादा से ज्यादा कैलोरी बर्न होती है
- जीरा वैसे तो रसोई में काम आने वाला एक साधारण सा मसाला है, लेकिन यह औषधीय गुणों से भी भरपूर होता है। अपच ,पेट फूलना ,भोजन में अरुचि में जीरे का सेवन लाभदायक होता है। बवासीर में जीरे को मिश्री के साथ खाने से कुछ आराम मिलता है। जीरा हमारे पाचन तंत्र को बेहतर बनाकर हमें ऊर्जावान रखता है। साथ ही, यह हमारे इम्यून सिस्टम को भी मजबूत बनाता है। इसके नियमित रूप से सेवन से वजन नियंत्रण में रहता है।
- काली मिर्च आमतौर पर उपयोग किए जाने वाले मसालों में से है। इसमें पाइपरीन पाया जाता है। पाइपरीन शरीर के मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है। काली मिर्च हमारे पाचन तंत्र को बेहतर बनाने के साथ-साथ फैट बर्न की गति को भी बढ़ाती है
- गुआराना में डाइयूरेटिक गुण पाया जाता है, जो वजन कम करने में मददगार होता है। साथ ही यह नर्वस सिस्टम को भी बेहतर बनाता है। इससे आप तनावमुक्त रहते हैं और खाने पर भी आपका नियंत्रण रहता है।
- जिनसेंग जिनसेंग एनर्जी लेवल को बढ़ाता है। साथ ही, मेटाबॉलिज्म की गति को भी बेहतर बनाता है।
- ग्वार गम यानी ग्वार बीज डायबिटीज के रोगियों के लिए बहुत फायदेमंद होता है और वजन कम करने में भी मददगार होता है। साथ ही, यह आपके पाचन तंत्र को भी बेहतर बनाता है।
- सरसो मेटाबोलिक एक्टिविटी को तेज करता है, जिससे वजन कम करने में मदद मिलती है।
- फ्लैक्स सीड बल्किंग एजेंट का काम करता है और इसे खाने के बाद पेट भरा-भरा लगने लगता है। इससे आप ज्यादा खाने से बचेंगे, जिससे आपका वजन नहीं बढ़ेगा।
- नारियल तेल भी मेटाबॉलिज्म को बढ़ाता है। इससे ऊर्जा बाहर निकलती है और वजन भी कम होता है।
- सौंफ खाने से पाचन तंत्र में सुधार होता है और भूख भी नियंत्रित रहती है। इसके अलावा लीवर की सफाई भी होतीहै।
रोज रात को सोने से पहले ईसबगोल लेना वजन कम करने का एक सुरक्षित रास्ता है। इससे शरीर ऊर्जावान बना रहता है। साथ ही, शरीर की कार्र्बोहाइड्रेट सोखने की दर भी कम हो जाती है।

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